रायगढ़

ओपीजेयू का वैश्विक शिक्षा की दिशा में ऐतिहासिक कदम— ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय, रायगढ़ और नॉटिंघम ट्रेंट विश्वविद्यालय (यूके) के बीच एमओयू

रायगढ़, 5 फरवरी 2026।
अंतरराष्ट्रीय शिक्षा और अनुसंधान के क्षेत्र में ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय (ओपीजेयू), रायगढ़ ने एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि हासिल की है। विश्वविद्यालय ने 4 फरवरी 2026 को यूनाइटेड किंगडम के प्रतिष्ठित नॉटिंघम ट्रेंट विश्वविद्यालय (नॉटिंघम ट्रेंट यूनिवर्सिटी – NTU) के साथ एक ऐतिहासिक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए। यह समझौता ओपीजेयू की वैश्विक शैक्षणिक पहचान को और सशक्त करने तथा अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अकादमिक उत्कृष्टता, अनुसंधान और नवाचार को बढ़ावा देने की दिशा में एक निर्णायक कदम माना जा रहा है।

एमओयू पर हस्ताक्षर समारोह नॉटिंघम ट्रेंट विश्वविद्यालय, यूके के भव्य परिसर में आयोजित किया गया, जिसमें दोनों विश्वविद्यालयों के वरिष्ठ शैक्षणिक एवं प्रशासनिक नेतृत्व की गरिमामयी उपस्थिति रही। ओ.पी. जिंदल विश्वविद्यालय की ओर से कुलपति डॉ. आर. डी. पाटीदार तथा धातुकर्म अभियांत्रिकी विभाग के प्रोफेसर एवं विभागाध्यक्ष डॉ. एम. कल्याण फनी ने विश्वविद्यालय का प्रतिनिधित्व किया।

नॉटिंघम ट्रेंट विश्वविद्यालय की ओर से इस समझौते पर औपचारिक हस्ताक्षर प्रो वाइस-चांसलर (रिसर्च एवं इंटरनेशनलाइज़ेशन) डॉ. रिचर्ड एम्स की उपस्थिति में संपन्न हुए। इस अवसर पर एनटीयू ग्लोबल की को-डायरेक्टर डॉ. क्लेयर न्यूस्टेड, एग्ज़ीक्यूटिव डीन (रिसर्च एवं इंटरनेशनल रेप्युटेशन) प्रोफेसर नील मैन्सफ़ील्ड तथा स्कूल ऑफ़ साइंस एंड टेक्नोलॉजी के प्रोफेसर डॉ. केव गैरेथ सहित नॉटिंघम ट्रेंट विश्वविद्यालय के कई वरिष्ठ शिक्षाविद एवं नेतृत्वकारी अधिकारी भी उपस्थित रहे। उनकी उपस्थिति ने इस अंतरराष्ट्रीय साझेदारी के रणनीतिक महत्व और दीर्घकालिक दृष्टि को और अधिक मजबूती प्रदान की।

यह रणनीतिक एमओयू दोनों विश्वविद्यालयों के बीच बहुआयामी शैक्षणिक सहयोग का मार्ग प्रशस्त करेगा। इसके अंतर्गत छात्र एवं फैकल्टी एक्सचेंज प्रोग्राम, संयुक्त अनुसंधान एवं पीएचडी पर्यवेक्षण, सहयोगात्मक रिसर्च प्रोजेक्ट्स, पाठ्यक्रम विकास के साथ-साथ संयुक्त अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन, सेमिनार, कार्यशालाओं एवं अकादमिक गतिविधियों का आयोजन शामिल है। इस सहयोग से छात्रों और शिक्षकों को वैश्विक अकादमिक परिवेश में कार्य करने, अत्याधुनिक शोध से जुड़ने और अंतर-सांस्कृतिक अनुभव प्राप्त करने के व्यापक अवसर मिलेंगे।

इस अवसर पर कुलपति डॉ. आर. डी. पाटीदार ने कहा कि यह एमओयू ओपीजेयू को शिक्षा, अनुसंधान और नवाचार के क्षेत्र में एक वैश्विक उत्कृष्टता केंद्र के रूप में विकसित करने की दीर्घकालिक रणनीति का महत्वपूर्ण हिस्सा है। उन्होंने कहा कि नॉटिंघम ट्रेंट विश्वविद्यालय जैसे विश्व-प्रसिद्ध संस्थान के साथ यह सहयोग ओपीजेयू के छात्रों और संकाय को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रतिस्पर्धी, नवोन्मेषी और प्रभावशाली बनाएगा।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button