नयी पगडंडियों का राही ‘गौरव न्यूज वेब पोर्टल’ :हर्ष सिंह

पत्रकारिता में अनिल पांडेय पुराने तरीके से निकलने वाले अखबारों से लेकर इक्कसवीं सदी की सूचना प्रोद्योगिकी में डिजिटल मीडिया के बीच भी रचनात्मक उपस्थित दर्ज करा रहे हैं। किसी जमाने में पत्रकारों के प्रकाश स्तंभ गुरूदेव कश्यप के सहयोगी के रूप में काम करने वाले अनिल परिवर्तन के साथ स्वयं को परिवर्तित करते रहे। उनके पास घटनाओं को देखने के लिए सिर्फ आंखें ही नहीं बल्कि उनको विश्लेषण करने की दिमागी क्षमता और जन पक्षधरता की संवेदनशीलता भी है। सड़क पर चल रहे भंडारे में श्रद्धालु की श्रद्धा के साथ -साथ वो उन सामाजिक आर्थिक और राजनीतिक परिस्थितियों पर सोचते हैं जो मनुष्य को उसके गरिमा से वंचित करती है। मनुष्य को यदि गरिमापूर्ण जीवन न मिले और उसकी बुनियादी सुविधाएं वंचित हो तो अनिल पांडेय की लेखनी उनके कुर्ते से कूदकर कागजों से टकरा जाती है और लेखों द्वारा जन-मानस को शिक्षित करती है।जीवन के विभिन्न विषयों पर वो अपनी दृष्टि रखते हैं – राजनीति की नीति से लेकर चुनाव की सरगर्मी, बाजार की उठा-पटक, पर्यटन स्थलों की बदहाली,खाना खजाना, पेड़ पत्ती फूल ,धतूरा और करौंदे की झाड़ी तक उनके लेखन के विषय रहे हैं।उनकी उम्र जो भी हो उनके विषय हमेशा जवां होते हैं और वो अपने विषयों की लिस्ट में नये नये विषय जोड़ते रहे इस की कामना के साथ उनके गौरव चैनल के एक वर्ष पूरे होने पर शुभकामनाएं।
हर्ष सिंह



