कोड़ातराई में बही भक्ति की बयार,सुश्री दिव्यांशी के मुखारविंद से श्रीमद् भागवत कथा का भव्य समापन,वित्तमंत्री ओपी चौधरी की माता श्रीमती कौशल्या देवी चौधरी एवं पूर्व विधायक विजय अग्रवाल रहे उपस्थित

रायगढ़।विगत वर्षों की भांति इस वर्ष भी कोड़ातराई की पावन भूमि में पहल सेवा समिति द्वारा संगीतमय श्रीमद् भागवत महापुराण कथा का भव्य एवं सफल आयोजन संपन्न हुआ. वृन्दावन की प्रसिद्ध कथावाचिका सुश्री दिव्यांशी जी के मुखारवृंद से उपस्थित भक्तों ने कथा का श्रवण किया। निरंतर सात दिनों तक भगवान श्री कृष्ण जी के वात्सल्य प्रेम, असीम प्रेम के अलावा उनके द्वारा किए गए विभिन्न लीलाओं का वर्णन कर वर्तमान समय में समाज में व्याप्त अत्याचार, अनाचार, कटुता, व्यभिचार को दूर कर सुंदर समाज निर्माण के लिए जनमानस को प्रेरित किया। इस धार्मिक अनुष्ठान में भगवान श्री कृष्ण के सर्वोपरी लीला श्री रास लीला, मथुरा गमन, दुष्ट कंस राजा के अत्याचार से मुक्ति के लिए रुक्मणी विवाह, शिशुपाल वध एवं सुदामा चरित्र का वर्णन कर लोगों को भक्तिरस में डुबो दिया। इस दौरान भजन गायन ने उपस्थित लोगों को ताल एवं धुन पर नृत्य करने के लिए विवश कर दिया। सुश्री दिव्यांशी ने सुंदर समाज निर्माण के लिए गीता से कई उपदेश के माध्यम अपने को उस अनुरूप आचरण करने कहा जो प्रेम के माध्यम से संभव है, वह हिंसा से संभव नहीं हो सकता है। हजारों लोगों ने इस संगीतमयी भागवत कथा का आनंद उठाया।प्रदेश के कैबिनेट मंत्री वित्त मंत्री रायगढ़ विधायक श्री ओपी चौधरी जी की पूज्य माता श्रीमती कौशल्या देवी चौधरी जी ने श्रीमद्भागवत महापुराण कथा में सम्मिलित होकर भगवान की लीलाओं का रसपान किया।

कथा के दौरान श्रीमती कौशल्या देवी जी पूर्ण श्रद्धा के साथ श्रोताओं के बीच बैठी नजर आईं। उन्होंने व्यास पीठ का पूजन कर क्षेत्र की सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की।इस भक्तिमय आयोजन में पूर्व विधायक श्री विजय अग्रवाल जी सहित क्षेत्र के अनेक वरिष्ठ जनप्रतिनिधि और प्रतिष्ठित नागरिक भी शामिल हुए। सभी ने माता जी के साथ बैठकर कथा श्रवण किया और इस धार्मिक आयोजन की सराहना की।पूर्व विधायक विजय अग्रवाल ने इस आयोजन की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों से समाज में सकारात्मकता और धार्मिक चेतना का संचार होता है।
कथा वाचिका दिव्यांशी दीदी के मुखारविंद से प्रवाहित हो रही भक्ति की अमृत धारा ने सभी भक्तों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
दिव्यांशी दीदी ने भागवत महापुराण के प्रसंगों के माध्यम से जीवन में धर्म, कर्म और भक्ति के महत्व पर प्रकाश डाला।
कथा में बड़ी संख्या में स्थानीय श्रद्धालु शामिल हुए, जिससे पूरा माहौल भक्तिमय हो गया।
इस सात दिवसीय भागवत कथा में आस-पास गांव के अलावा दूर दराज से काफी संख्या में महिला-पुरूष भक्तों ने इस कथा का आनंद उठाया। सात दिनों तक इस कथा में पुरा वातावरण भक्तिमय रहा। प्रवचन के बाद पहल समिति के द्वारा उपस्थित भक्तों के बीच प्रसाद वितरण किया गया।
बरनकर्ता यजमान के रूप में आचार्य दीनबंधु दुबे महाराज, पंडित कृष्णा मिश्रा, पंडित त्रिलोचन नंदे शामिल हुए. वहीँ मुख्य यजमान के रूप में सुशीला विनोद चौधरी, पुष्पा श्याम चौधरी, शीला विजय चौधरी, माया प्रकाश चौधरी, पद्मा दिनेश नायक, विनीता गजराज नायक, देश सुकचंद श्रीवास, सरस्वती संतोष साव, बिंदिया प्रकाश देवांगन शामिल हुए. साथ ही पहल समिति के समस्त पदाधिकारी, सदस्य एवं क्षेत्र के सक्रिय कार्यकर्तागण शामिल हुए।



